जयपुर
सड़क 200 फीट थी, लेकिन अतिक्रमण के कारण एक हिस्से में रास्ता ही सिमट गया। नतीजतन वाहनों का दबाव बढ़ा और हादसों का खतरा बना रहा। आखिरकार जगतपुरा के इंदिरा गांधी नगर स्थित कुंदनपुरा के गंगा मार्ग पर राजस्थान आवासन मंडल ने कार्रवाई की। मंडल अधिकारियों के मुताबिक, हाईकोर्ट के आदेश के बाद आपसी सहमति से निर्माणकर्ताओं ने अपने निर्माण हटाए। करीब 450 मीटर लंबी लेन में जेसीबी से 20 से अधिक स्ट्रक्चर हटाए गए। इनमें आठ दुकानें, 15 ढांचे और तीन से चार मकान शामिल थे।
सुबह करीब 11 बजे शुरू हुई कार्रवाई दोपहर 1.30 बजे तक चली। हाईकोर्ट की डबल बेंच के आदेश की पालना में हुई कार्रवाई से सड़क विकास का रास्ता साफ हुआ। इससे पहले करीब दो साल पहले भी इसी स्थान से 60 स्ट्रक्चर हटाए गए थे।
कार्रवाई शांतिपूर्ण
इससे पहले बोर्ड प्रशासन ने नोटिस जारी कर जगह खाली करने की चेतावनी दी थी। इसके बाद कुछ निर्माणकर्ताओं ने सुबह से ही सामान और निर्माण हटाने शुरू कर दिए। हाउसिंग बोर्ड के उप आवासन आयुक्त राजेश व्यास ने बताया कि गंगा मार्ग इंदिरा गांधी नगर के मास्टर प्लान की महत्वपूर्ण सड़क है। पुनर्वास योजना के तहत अब तक 25 आवेदन प्राप्त हुए हैं। संबंधित लोगों से शपथ पत्र भी लिए गए हैं।
पात्र प्रभावितों को इंदिरा गांधी नगर के सेक्टर-5 में लॉटरी के माध्यम से व्यावसायिक और आवासीय भूखंड व दुकानें उपलब्ध कराई जाएंगी। इसकी कवायद शुरू हो चुकी है। व्यास ने बताया कि पूरे गंगा मार्ग का निर्माण 2024 में किया गया था, लेकिन 450 मीटर का यह हिस्सा अधूरा छूट गया था। यह सड़क 60 मीटर चौड़ी है। यहां शांतिपूर्ण तरीके से कार्रवाई पूरी कर ली गई।
जगतपुरा में सीबीआइ फाटक से गोनेर रोड रेलवे ओवरब्रिज तक बनी 200 फीट रोड पर फाटक से आगे अतिक्रमण के कारण एक तरफ का रास्ता बंद था। ऐसे में वाहनों को दूसरी लेन से गुजरना पड़ता था। सेक्टर रोड पर एक ही तरफ सड़क होने से वाहनों का दबाव बढ़ रहा था और रात के समय आए दिन दुर्घटनाएं हो रही थीं। मास्टर प्लान के मुताबिक, यह सड़क पूरी तरह 200 फीट चौड़ी प्रस्तावित है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क बनने से आवागमन सुगम होगा और हादसों की आशंका कम होगी। उन्होंने मंडल से जल्द से जल्द सड़क निर्माण पूरा करने की मांग की। पत्रिका ने भी पिछले कई अंकों में इस मार्ग की समस्या को प्रमुखता से उठाया था।
सर्विस लेन में अब भी कुछ निर्माण शेष
कार्रवाई के बाद भी इस रास्ते पर कुछ स्ट्रक्चर के हिस्से नहीं हटाए गए हैं। इससे आगे सर्विस लेन बनाने में परेशानी आ सकती है। अधिकारियों के अनुसार, आपसी सहमति से संबंधित निर्माणकर्ताओं को मकानों के शेष दो से तीन फीट हिस्से स्वयं हटाने के लिए समय दिया गया है। सड़क विकास कार्य शुरू होने पर इन्हें भी हटाया जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि गंगा मार्ग के इस कैरिज एरिया में कोई व्यक्ति निवास नहीं कर रहा था।
















Leave a Reply