आदिवासी के घर पर JCB चलाई…प्रशासन की गाड़ियों पर पथराव:ग्रामीणों ने लहूलुहान परिवार का VIDEO बनाया; एसपी-कलेक्टर बोले-खून नहीं, कलर है




मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के दौधन गांव में केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत अतिक्रमण हटाने पहुंची टीम ने आदिवासी परिवार के मकान पर बुलडोजर चला दिया। आरोप है कि परिवार घर के अंदर मौजूद था, इसके बावजूद जेसीबी चलाई गई। मलबे में दबने से पति-पत्नी और दो बच्चे घायल हो गए। वहीं मामले में कलेक्टर पार्थ जायसवाल और एसपी रजत सकलेचा ने कहा कि घटनाक्रम गलत बताया जा रहा है। उनके अनुसार न ग्रामीण और न ही कोई अधिकारी-कर्मचारी घायल हुआ है। ग्रामीणों को टूटे मकान में लिटाकर कलर डाला गया है। प्रशासनिक गाड़ियों में तोड़फोड़ की गई है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी। बुलजोडर कार्रवाई से जुड़ी 5 तस्वीरें देखिए… परिवार के घायल होने की खबर से भड़के लोग ग्रामीणों के मुताबिक, परिवार के घायल होने की खबर फैलते ही गांव में तनाव बढ़ गया। बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंचे और प्रशासनिक कार्रवाई का विरोध शुरू कर दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने पथराव कर दिया। पथराव में एडिशनल एसपी की गाड़ी, तहसीलदार का वाहन और एक जेसीबी मशीन समेत करीब 6 गाड़ियों में तोड़फोड़ हुई। कई वाहनों के शीशे टूट गए। प्रशासनिक अमले को पीछे हटना पड़ा। “साहब बचा लीजिए…”, मलबे में दबा मिला परिवार मकानों पर बुलडोजर चलाने के बाद ग्रामीणों ने वीडियो बनाया। वीडियो में दिखता है कि मकान गिरने से परिवार मलबे में दब गया। इसमें 2 बच्चे भी शामिल हैं। लोगों ने उन्हें बाहर निकाला। वीडियो में पति-पत्नी घायल दिखाई दे रहे हैं। पति मदद की गुहार लगाता दिखता है और कहता है कि वे आदिवासी हैं, “साहब बचा लीजिए।” पास में 2 बच्चे भी पड़े दिखते हैं, जिनमें एक बेहोश अवस्था में है। केन-बेतवा परियोजना के लिए हटाया जा रहा था अतिक्रमण प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, गांव में केन-बेतवा लिंक परियोजना से जुड़े क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जा रही थी। टीम राजस्व और पुलिस अमले के साथ मौके पर पहुंची थी। पहले से नोटिस और समझाइश की प्रक्रिया की गई थी। अधिकारियों का कहना है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। वहीं ग्रामीण कार्रवाई को अमानवीय बताते हुए दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। गांव में बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात घटना के बाद पूरे इलाके को पुलिस छावनी में बदल दिया गया है। गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि स्थिति नियंत्रण में रहे। प्रशासन उपद्रव और पथराव में शामिल लोगों की पहचान करने में जुटा है। …………………………………. यह खबर भी पढ़ें केन-बेतवा लिंक परियोजना- अर्थी पर लेटी महिलाएं पन्ना जिले में सामाजिक कार्यकर्ता अमित भटनागर की हिरासत को लेकर सियासी और कानूनी विवाद खड़ा हो गया है। मामला केन-बेतवा लिंक परियोजना, टाइगर रिजर्व के कोर एरिया और आदिवासियों के अधिकारों से जुड़ा है। पढ़ें पूरी खबर…



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