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17 मई को विश्व हाइपरटेंशन दिवस मनाया जाता है। झारखंड में हाइपरटेंशन के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण (एनएफएचएस) और स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, राज्य में 15 वर्ष और उससे अधिक आयु के करीब 18-22% लोग हाई बीपी से जूझ रहे हैं। हालांकि, स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, एनएचएफएस-5 सर्वे की रिपोर्ट 2019-2020 की है, इसके बाद संख्या में और अधिक इजाफा हुआ है। चूंकि अभी नई रिपोर्ट सामने नही आई है, लेकिन पूर्व में जहां पुरुषों की संख्या 22.6% थी, अबतक बढ़कर करीब 25% पहुंच चुका है। वहीं, महिलाएं 17.8% से 20% तक पहुंच चुकी है। रिम्स के कार्डियोलॉजी विभाग के विशेषज्ञ डॉ. प्रशांत कुमार बताते हैं कि पहले 45-50 वर्ष की उम्र के बाद हाइपरटेंशन ज्यादा देखा जाता था, लेकिन अब 25 से 35 वर्ष के युवा भी तेजी से इसकी चपेट में आ रहे हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह अनियमित दिनचर्या है। ऐसे करें हाई बीपी की शुरुआती जांच डिजिटल बीपी मशीन से नियमित जांच करें। यदि लगातार 140/90 या उससे अधिक रीडिंग आ रही है तो डॉक्टर से संपर्क करें। सीढ़ी चढ़ने या हल्का काम करने पर यदि सांस तेजी से फूलने लगे तो इसे नजरअंदाज न करें। तुरंत बीपी जांच कराएं। आराम की स्थिति में अपनी धड़कन महसूस करने की कोशिश करें। दिल की धड़कन बहुत तेज या अनियमित लगे तो नोटिस करें। सुबह उठते समय सिर भारी लगना हाई बीपी का संकेत हो सकता है। लगातार सिरदर्द या अचानक चक्कर आने पर तुरंत बीपी जांचें। ऐसे पहचानें, कैसे आप हाइपरटेंशन की चपेट में आ रहे हैं: बार-बार सिरदर्द होना, चक्कर आना, जल्दी थकान महसूस होना, सांस फूलना, सीने में भारीपन, धड़कन तेज होना, आंखों के सामने धुंधलापन, घबराहट, नींद नहीं आना, अचानक पसीना आना आदि संकेत दिखें तो तुरंत जांच करानी चाहिए। हालांकि कई मरीजों में कोई लक्षण नहीं भी दिखता, इसलिए जांच जरूरी है। डॉ. प्रशांत कुमार, कार्डियोलॉजिस्ट, रिम्स हाइपरटेंशन के10 कारण 1. अत्यधिक नमक का सेवन 2. तनाव और मानसिक दबाव 3. नींद पूरी नहीं होना 4. शारीरिक गतिविधि की कमी 5. मोटापा और बढ़ता वजन 6. धूम्रपान और तंबाकू का सेवन 7. जंक और प्रोसेस्ड फूड का बढ़ता चलन 8. पारिवारिक इतिहास 9. डायबिटीज और हाई शुगर 10. दवाओं का अनियंत्रित उपयोग वर्ल्ड हाइपरटेंशन डे आज
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राज्य में 25% पुरुष, 20% महिलाएं हाइपरटेंशन की शिकार, 15 वर्ष से ऊपर के बच्चों में भी बीपी













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